गरिमा गीता की दो शब्द Page-11 ॥ सभी देवी देवताओं की पूजा करने के बावजूद हुई पुत्र की मृत्यु । तो फिर किसकी भक्ति करनी चाहिए?

 



Of dignity geeta/गरिमा गीता की - दो शब्द

Pege-10


ही मेरे पति की मृत्यु हो गई। मैंने अपने पुत्र की परवरिश Upbringing बहुत ही चाव तथा प्यार के साथ इस दृष्टिकोण से की कि कहीं पुत्र को पिता का अभाव महसूस ना हो जाए। उसने जो संभव वस्तु की प्रार्थना की मैंने दु:खी सुखी Grief-stricken होकर उपलब्ध करवाई। जब वह 11वीं कक्षा में कॉलेज में जाने लगा तो मोटरसाइकिल Motorcycle की जिद कर ली। दुर्घटना के वजह से मैंने बहुत मना किया, परंतु पुत्र ने खाना नहीं खाया तब मैंने उसके प्यार वश होकर मोटरसाइकिल जैसे-तैसे करके मोल लेकर दे दी। मैंने दूसरी शादी भी इसी उद्देश्य से नहीं करवाई की कि कहीं मेरे पुत्र को कष्ट‌ Suffering न हो जाए। मैंने अपने पुत्र को गर्म-गर्म खाना खिलाया। वह प्रतिदिन की तरह अपने एक दोस्त को उसके घर से मोटरसाइकिल पर बैठाकर कॉलेज जाने के लिए चला गया।

           मैंने शेष भोजन बनाया तथा स्वयं खाने के लिए भोजन डालकर प्रथम ग्रास ही तोड़ा था इतने में मेरे पुत्र का दोस्त दौड़ा हुआ आया, उसको कुछ चोट लगी हुई थी। उसने कहा कि चाची भैया को दुर्घटना Accident में बहुत ज्यादा चोट आई है। इतना सुनते ही हाथ का ग्रास थाली में गिर गया।  On hearing this, the grass of the hand fell in the plate.नंगे पैरों उस बच्चे के साथ पागलों की तरह रोती हुई दौड़ कर उस स्थान पर गई जहाॅं मेरे पुत्र की दुर्घटना हुई थी। वहाॅं पर केवल क्षतिग्रस्त मोटरसाइकिल पड़ी थी। उपस्थित व्यक्तियों ने बताया कि आपके पुत्र को अस्पताल लेकर गये हैं। मैं अस्पताल पहुंची तो डॉक्टर ने मृत The dead घोषित कर दिया। मैंने अस्पताल की दीवार को टक्कर मारी, मेरा सिर फट गया, 7 टांके लगे, बेहोश unconscious हो गई, लगभग 2 घंटे में होश आया।

          उस दिन के बाद सर्व भगवानों के चित्र घर से बाहर फैंक दिए तथा स्वपन में भी किसी भगवान को याद नहीं करती। क्योंकि मैंने अपने पुत्र की कुशलता के लिए लोक वेद अनुसार सर्व साधनाऐं कि, परंतु कुछ भी काम नहीं आई। आज आप का सत्संग जो सृष्टि रचना का प्रकरण आप ने सुनाया तथा पवित्र गीता जी से भी बताया कि यह सर्व काल का जाल है, अपना स्वार्थ सिद्ध करने के लिए कसाई की तरह सर्व प्राणियों को विवश किए हुए हैं। मेरी तो आज आखें खुल गई। अब फिर मन करता है कि आप का उपदेश लेकर काल जाल से निकल जाऊं। उस बहन ने उपदेश लिया तथा अपना कल्याण करवाया।

          मैंने उस बहन से पूछा कि आप क्या साधना करते थे? 

          उस बहन ने उत्तर दिया :- एक सुप्रसिद्ध संत का नाम लेकर कहा कि उस मूर्ख से 10 वर्ष से उपदेश भी ले रखा था। उसके बताए अनुसार नाम जाप घंटों किया करती थी। श्री विष्णु जी का सहस्त्रनामा का जाप भी करते थी। गीता जी का नित्य पाठ, पितर पूजा (श्राद्ध निकालना) करती थी। गांव में परंपरागत बाबा श्याम जी की पूजा भी करती थी। अष्टमी तथा सोमवार का व्रत भी करती थी। निकटतम मंदिर में प्रतिदिन जाती थी। वर्ष में दो बार वैष्णो देवी के दर्शन करने जाती थी। गुडगांव वाली माता की पूजा करती थी। नवरात्रों का व्रत भी किया करती थी। एक बहन ने कहा बाबा गरीब दास जी की पूजा करने तथा वहाॅं छुड़ानी धाम (जिला झज्जर) पर जाने से कोई आपत्ति नहीं आ सकती। वहां भी छठे महीने मेला भरता है जाया करती थी तथा संत गरीब दास जी की अमृतवाणी का पाठ भी करवाती थी। और क्या बताऊॅं? बाबा हरिदास जी झाडौ़ता वाले की भी पूजा करती थी। मुझे कोई लाभ नहीं हुआ। पहले तो लगता था कि मेरा परिवार सुखी है। जो उपरोक्त साधना का ही परिणाम है।

          परंतु अब आप के सत्संग से ज्ञान हुआ कि यह तो मेरा प्रारब्ध ही मिल रहा था। यह पूजायें पवित्र गीता जी में तथा पवित्र अमृतवाणी गरीब दास जी के सद ग्रंथ में वर्णित ने होने से शास्त्र.......... विरोध थी

और अधिक पोस्ट पढ़ें-

1. Of dignity geeta / Garima Gita ki books ka article

2. RDN Sat bhakti sandesh

3. गरिमा गीता की

4. गरिमा गीता की विषयानुक्रमणिका - A

5. गरिमा गीता की विषयानुक्रमणिका - B

6. गरिमा गीता की विषयानुक्रमणिका - C

7. गरिमा गीता की भूमिका-A

8. गरिमा गीता की भूमिका-B

9. गरिमा गीता की भूमिका-C

10. गरिमा गीता की भूमिका-D


11. गरिमा गीता की - दो शब्द page-1 ॥ गीता बोलने वाले काल ब्रह्म ने अपने से अन्य परम अक्षर ब्रह्म परमेश्वर की शरण में जाने को कहा है। वह परमेश्वर कौन है?

12. गरिमा गीता की - दो शब्द Page2 ॥ पवित्र श्री मद् भागवत गीता जी का ज्ञान किसने कहा? 

13. गरिमा गीता की दो शब्द page-3 ॥ गीता ज्ञान श्री कृष्ण जी ने नहीं कहा था तो फिर किसने कहा था? आइये जानते हैं

14. गरिमा गीता की दो शब्द Page-4 विराट रूप क्या है? 

15. गरिमा गीता की - दो शब्द Page5 ॥ श्री कृष्ण जी नेक आत्मा तथा युद्ध विरोधी थे कालयवन का वध कैसे हुआ और किसने किया? 


16. गरिमा गीता की दो शब्द page-6 अन्य प्रमाण गीता जी का ज्ञान श्री कृष्ण जी ने नहीं कहा देखें संक्षिप्त महाभारत में

17. गरिमा गीता की दो शब्द page-7 ॥ क्या कारण था कि श्री कृष्ण जी को गीता याद नहीं थी ?तो फिर गीता किसने लिखी और कुछ समय उपरांत श्री युधिष्ठिर जी को भयंकर स्वपन क्यों आने लगे? आइये जानते हैं?

18. गरिमा गीता की दो शब्द page-8 ॥ श्री कृष्ण जी ने अपनी अंतिम श्वांसों में पांडवों से ऐसा क्यों कहा? कि तुम्हारे शीश (सिर) पर पाप बहुत भयंकर है। आइए जानते हैं!

19. गरिमा गीता की दो शब्द page-9 श्री कृष्ण जी कपटी व झूठे नहीं थे तो फिर महाभारत का सर्व जुल्म किसने कराया था?  

20. गरिमा गीता की दो शब्द page-10 काल की परिभाषा क्या है?


अधिक जानकारी के लिए जीने की राह पुस्तक पढ़ें 
For more information, read the book jine ki raah 

Download ke liye photo👆 per click Karen 

और देखें। तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज के मंगल प्रवचन। शाधना चैनल📺 पर रात 8:30 से 9:30 बजे तक। व ईश्वर चैनल 📺 पर रात 7:30 से 8:30 बजे तक।
See more . Mangal discourse of the metaphysician Saint Rampal Ji Maharaj. 8:30 to 9:30 pm on Shadhna Channel📺. And 7:30 to 8:30 pm on Ishwar Channel 4.

और (नाम दान केंद्र) या अधिक जानकारी के लिए सम्पर्क करें । And (name donation center) or contact for more information. 
 📞☎️8222880541 , 8222880542, 8222880543, 8222880544 , 8222880545

क्रमशः_______________
••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••
आध्यात्मिक जानकारी के लिए आप संत रामपाल जी महाराज जी के मंगलमय प्रवचन सुनिए। संत रामपाल जी महाराज YOUTUBE चैनल पर प्रतिदिन 7:30-8.30 बजे। संत रामपाल जी महाराज जी इस विश्व में एकमात्र पूर्ण संत हैं। आप सभी से विनम्र निवेदन है अविलंब संत रामपाल जी महाराज जी से नि:शुल्क नाम दीक्षा लें और अपना जीवन सफल बनाएं।

आगे की पोस्ट का नोटिफिकेशन पाने के लिए सब्सक्राइब करें👇👇
और follow करना ना भूलें 
SUBSCRIBE TO GET NOTIFICATIONS FOR FURTHER POSTS
And don't forget to follow

🔔 Bellican ko davana na bhule 


आगे पढ़े-------(गरिमा गीता की) दो शब्द page-12





एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ